मण्डलायुक्त की अध्यक्षता में हुई सीएम डैश बोर्ड पर विकास कार्यों, कर-करेत्तर एवं राजस्व कार्यों तथा कानून व्यवस्था की समीक्षा बैठक
सहारनपुर, संवाददाता। मंडलायुक्त डॉ0 रूपेश कुमार की अध्यक्षता एवं एडीजी भानू भास्कर, डीआईजी अभिषेक सिंह, जिलाधिकारी सहारनपुर अरविन्द कुमार चौहान, जिलाधिकारी मुजफ्फरनगर उमेश मिश्रा, जिलाधिकारी शामली आलोक कुमार, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक मुजफ्फरनगर संजय कुमार वर्मा, पुलिस अधीक्षक शामली नरेन्द्र प्रताप सिंह की वर्चुअल उपस्थिति में सीएम डैश बोर्ड पर विकास कार्यों की समीक्षा, कर करेत्तर एवं राजस्व कार्यों, वादों की प्रगति तथा कानून व्यवस्था की वुर्चअल समीक्षा बैठक आयोजित की गई।
मुख्यमंत्री आवास योजना, जननी सुरक्षा योजना, फैमिली आईडी, 15वां वित्त आयोग, पर्यटन राज्य योजना, आईसीडीएस पोषण अभियान, सेतुओं का निर्माण, नई सड़कों का निर्माण, मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास योजना, सिल्ट सफाई कार्यक्रम के साथ ही पंचायत उत्सव भवन के निर्माण कार्यों की प्रगति की मण्डलीय समीक्षा की गयी।
इन योजनाओं की रैंकिंग खराब होने पर मण्डलायुक्त सख्त नाराजगी व्यक्त की। उन्हांेने निर्देश दिए कि योजनाओं की प्रगति में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। जननी सुरक्षा योनजा के तहत तत्काल भुगतान करवाने के लिए कहा। साथ ही उन्होने निर्देश दिए कि बजट आने से पहले ही डाटा को ठीक कर लिया जाए। यदि किसी प्रकार की समस्या है तो मुख्यालय से समन्वय किया जाए। फैमिली आईडी की प्रगति के लिए आंगनवाडी एवं आशा कार्यकत्रियों को भी लगाया जाए।
पंचायती राज के संबंध में उन्होंने उप निदेशक पंचायत को निर्देश दिए कि प्रधानों एवं सचिवों के साथ तीनों जनपदों में कार्यशाला आयोजित कर उन्हे एसओपी भी बताई जाए। पर्यटन राज्य योजना के अन्तर्गत यथाशीघ्र अवशेष कार्यों को पूर्ण किया जाए तथा पोर्टल पर भौतिक एवं वित्तीय प्रगति की फीडिंग ठीक की जाए। कन्या विवाह सहायता योजना के तहत श्रम विभाग को निर्देश दिए कि आमजनों की शिकायतों को यथाशीघ्र निस्तारित किया जाए। कार्यों को समय सीमा के अन्तर्गत ही किया जाए। पंचायत उत्सव भवन के अन्तर्गत तीनों जनपदों में दिए गये निर्देशों के अनुसार भूमि का चयन कर यथाशीघ्र निर्माण कार्य को प्रारम्भ कराया जाए।
मण्डलायुक्त ने विद्युत आपूर्ति संबंधी शिकायतों का तत्काल संज्ञान लेते हुए विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए। उन्होने कहा कि विद्युत विभाग अभियान चलाकर विद्युत ऑडिट कर क्षमता के अनुसार लोड की चौकिंग करें। उन्होंने निर्देश दिए कि सभी संबंधित विभाग आग से बचाव के दृष्टिगत शासन द्वारा सौंपी गयी जिम्मेदारी का पूर्ण निर्वहन करें। उन्होने कहा कि कोचिंग संस्थानों, अस्पतालों, बारातघर, शॉपिंग मॉल, बार तथा ऐसे स्थानों को भी देखा जाए जंहा पर आमजनों का एकत्रीकरण होता है लेकिन सुरक्षा के मानक नियमानुसार उपलब्ध नहीं है। इन स्थलों पर प्रवेश और निकासी द्वार नियमानुसार हों। इसके साथ ही छत पर जाने का रास्ता भी खुला हो। यह भी सुनिश्चित किया जाए कि सीढीयों या आने-जाने के रास्ते अनावश्यक सामग्री न रखी हो जिससे इन पर संकरापन आ रहा हो। अग्निशमन, जिला विद्यालय निरीक्षक, विद्युत, पुलिस एवं प्रशासन संयुक्त रूप से 05 दिन का विशेष चौकिंग अभियान चलाएं तथा नियमानुसार कार्यवाही की जाए।
डॉ0 रूपेश कुमार ने निर्देश दिए कि आईजीआरएस पोर्टल पर प्रकरणों का समय से गुणवत्ता के साथ निस्तारण किया जाए। सुनिश्चित किया जाए कि कोई भी प्रकरण डिफाल्टर श्रेणी में न जाए। यह भी देखा जाए कि शिकायत के निस्तारण से शिकायतकर्ता संतुष्ट है अथवा नहीं। शिकायत के निस्तारण के बाद शिकायतकर्ता से वार्ता भी की जाए। पोर्टल को अधिकारी स्वयं देखें अन्यथा अधिकारी ही इसके जिम्मेदार होंगे। आईजीआरएस प्रकरणों पर समय से आख्या प्रस्तुत करें एवं प्रकरणों के निस्तारण के लिए कर्मचारियों को भी प्रशिक्षण दें।
चकबंदी विभाग के संबंध में अलग से ग्रामवार बैठक करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि योजनाओं की प्रगति के लिए वास्तविक कार्य करें। नहरों में टेल तक पानी सुनिश्चित किया जाए जिससे कृषकों को भूमि सिंचाई हेतु पर्याप्त मात्रा में पानी मिल सके।
कर करेत्तर एवं राजस्व प्राप्ति की समीक्षा में उन्होंने निर्देश दिए कि लक्ष्य के अनुरूप राजस्व वसूली की जाए। कोर्ट से संबंधित पुराने वादों को अभियान चलाकर निस्तरित किया जाए। धारा 24के प्रकरणों को मण्डल के तीनों जनपदों में अभियान चलाकर निस्तारित किया जाए। खातेदारों के अंश निर्धारण में 26 जून तक चलाए जा रहे अभियान में शीघ्रता से कार्य करें। इसके तहत त्रुटिपूर्ण अंश निर्धारण को देखा जाए। अवस्थापना एवं औद्योगिक विकास, आबकारी, मण्डी, गन्ना मूल्य भुगतान, पीएम स्वनिधि योजना, सम्पत्ति नामांतरण, स्मार्ट सिटी, परिवहन, खनिज की राजस्व वसूली बढाते हुए रैंकिंग सुधारने के सख्त निर्देश दिए।
कानून व्यवस्था की समीक्षा के दौरान उन्होने मोहर्रम पर की गयी व्यवस्थाओं एवं तैयारियों के बारे में विस्तार से जानकारी ली। संवेदनशील स्थलों पर वृहद फ्लैग मार्च किया जाए तथा किसी को भी नई परम्परा डालने की अनुमति न दी जाए। सोशल मीडिया पर नजर रखी जाए।
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी सहारनपुर सुमित राजेश महाजन, अपर आयुक्त प्रशासन रमेश यादव, अपर जिलाधिकारी प्रशासन संतोष बहादुर सिंह, अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व सहारनपुर सलिल कुमार पटेल, अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व मुजफ्फरनगर अनिरूद्ध प्रताप सिंह, अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व शामली सत्येन्द्र सिंह, संयुक्त विकास आयुक्त दुष्यंत कुमार सिंह, अधीक्षण अभियंता, लोक निर्माण विभाग, सिंचाई विभाग, जल निगम, चिकित्सा सहित संबंधित विभागों के मण्डल एवं जनपद स्तरीय अधिकारी उपस्थित रहे।
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